प्रदेश सरकार की वादाखिलाफी को लेकर सड़क पर उतरेगी भाजपा,केंद्र सरकार के दिये गए राशि का हिसाब मांगेगी भाजपा,किसानों की आत्महत्या पर मौन क्यो है कांग्रेस सरकार

मुंगेली/छत्तीसगढ़ में बैठी कांग्रेस की भूपेश बघेल सरकार ने दो साल में विफलता के सारे कीर्तिमान हासिल कर लिए है। हालात इतने खराब है कि मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम के क्षेत्र में भी किसान आत्महत्या कर रहे है कांग्रेस वादाखिलाफी और विश्वासघात का रोज नया रिकार्ड बना रही है। प्रदेश के किसानों के साथ लगातार अन्याय हो रहा है। कांग्रेस को यह ध्यान रखना चाहिए की जो किसान बोना जानता है वह काटना भी जानता है। यह बातें जिला भाजपा प्रभारी शंकर अग्रवाल,राजेन्द्र शर्मा एवं विधायक पुन्नूलाल मोहले ने 13 जनवरी का होने जा रहे विधानसभा स्तरीय धरना प्रदर्शन के संदर्भ में पत्रकारों से बातचीत में कही।
जिला भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता उन्होने आगे कहा कि किसानों के भरोसे सत्ता में आयी कांग्रेस सरकार ने पिछले वर्श के धान की कीमत का पूरा भुगतान नही किया है। वर्तमान में भी 20-20 दिन बीत जाने पर भी किसानों के खातों में पैसा नही पहुंचा है । जबकी डॉ.रमन सिंह सरकार में 24 घण्टे में और अधिकतम 3-4 दिन में राशि किसानों के खातों में पहुंच जाती थी । दो वर्ष के बोनस को छोडे़,मंडी टैक्स को खत्म करने का वादा करने वाली कांग्रेस सरकार ने उल्टे टैक्स बढ़ा दिये। कांग्रेस सरकार सबसे बड़ा घोटाला बारदाना के नाम पर कर रही है और इसी बहाने धान खरीदी से बचना चाहती है जबकी विधानसभा में सरकार ने कहा था की इस सीजन में कुल 4 लाख 45 हजार गठान (प्रति गठान 5 सौ बारदाना) की आवष्यकता होती है जिसमें से 3 लाख 30 हजार बारदाना उपलब्ध है और 1 लाख 15 हजार बारदाने (गठान) की जरूरत होगी किन्तु इस सरकार ने समय रहते कुछ नही किया जिसके कारण 30-40 रूपये में किसानों को बारदाना खरीदना पड़ रहा है। जिसका भुगतान सरकार द्वारा केवल 15 रूपये किया जा रहा है । छत्तीसगढ़ के किसानों का गिरदावरी रिर्पोट के माध्यम से रकबा कम करने का शड़यंत्र किया जा रहा जिसके पीछे मंषा धान खरीदी से बचने अथवा कम धान खरीदने की है रकबा कम होने के कारण प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम के क्षेत्र में किसान धनीराम ने आत्महत्या कर ली थी प्रदेश कि संवेदनहीन सरकार आत्महत्या करने वाले किसानों को मानसिक रोगी बताती है। छत्तीसगढ़ में 233 किसानो ने आत्महत्या की है । रकबा कम करने वाली असंवेदनषील किसान विरोधी कांग्रेस सरकार राजनीति मे व्यस्त है। हम मांग करते है कि किसानों को 25 लाख रूपया की दर से सरकार मुआवजा दे,साथ ही कम हुए रकबे के कारण हुए नुकसान की भरपायी करे ।
कांग्रेस ने अपने चुनावी घोशणा पत्र में लोकलुभावन वादे किये थे तब छत्तीसगढ़ प्रदेष की जिम्मेदार मीडिया में उनसे सवाल किया था कि ये वादे कैसे पूरे करेंगे तब कांग्रेस का जवाब था हम नये संसाधन और अवसर लायेंगे और वादे पूरे करेंगे। आज मानों प्रदेश कांग्रेस सरकार केन्द्र की नरेन्द्र मोदी सरकार के ही भरोसे अपने लोकलुभावन वादे पूरे करना चाहती है। छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार ऋण ले ले कर जनता को कर्जदार बना रही है । राजीव गांधी न्याय योजना के नाम पर किसानों के साथ किस्तो में भुगतान का अन्याय करने वाली कांग्रेस किस मुंह से केन्द्र सरकार पर आरोप लगा रही है। जबकी नरेन्द्र मोदी जी की सरकार पिछले वर्श के तुलना में इस वर्श अधिक चावल खरीद रही है । 09 हजार करोड़ के भुगतान के बाद भी प्रदेश सरकार अपना कर्तव्य नही निभा पा रही है । बहाने बाजी करने वाले,बार-बार बयान बदलने वाले,पत्रलिखकर राजनीति करने वाले,ट्वीट-ट्वीट खेलने वाले, अपनी नाकामियों का ठीकरा केन्द्र सरकार पर मढ़नें का प्रयत्न करने वाले और अपने आपको किसान बताने वाले मुख्यमंत्री भूपेष बघेल को किसान हित में निर्णय लेना चाहिए । भारतीय जनता पार्टी छत्तीसगढ़ के किसानों के साथ खड़ी है और प्रदेष सरकार की बहानेबाजी,शडयंत्र और वादाखिलाफी को बर्दाष्त करने वाली नही है भारतीय जनता पार्टी छत्तीसगढ़ सरकार के वादाखिलाफी,धान खरीदी में अव्यवस्था,रकबा कटौती,बारदाने की कमी,जैसे – किसान विरोधी कृत्यों के खिलाफ प्रदर्षन करेगी । इस संदर्भ में 13 जनवरी को विधानसभा स्तरीय प्रदर्षन तथा 22 जनवरी को जिला स्तरीय प्रदर्षन कर राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपेगी । किसानों के साथ अन्याय भाजपा सहन नही करेगी ।
जिला प्रभारी षंकर अग्रवाल,राजेन्द्र षर्मा,एवं विधायक पुन्नूलाल मोहले ने आगे कहा कि भूपेष बघेल को जवाब देना चाहिए कि उनको नागरिक आपूर्ति निगम में जो 22 लाख मैट्रिक टन चावल पीडीएस के लिए चाहिए उसके लिए डीओ काटकर धान खरीदी केन्द्रो से धान क्यो नही उठवा रहे है ? दूसरा सवाल यह कि
छत्तीसगढ़ में धान खरीदी के लिए संग्रहण केन्द्रो में 35 लाख मिट्रिक टन कि व्यवस्था है वहा धान को ले जाने के लिए परिवहन आदेष क्यो नही दिये जा रहे है। जबकी संग्रहण केन्द्रो में 90 प्रतिषत् स्थान खाली पडे़ है। प्रदेष में अनेक संग्रहण केन्द्रो का ताला नही खोला गया है । पिछले साल के ट्रॉसपोर्टरों का भुगतान नही किया गया है । एफसीआई में उठाव का बहाना बनाने वाली छत्तीसगढ़ सरकार में इच्छा षक्ति का अभाव है। भारतीय जनजा पार्टी ने कांग्रेस की सरकार को बिना रोक टोक के काम करने का दो वर्श का पर्याप्त समय दिया परंतु कांग्रेस सरकार ने किसानों सहित प्रदेष की जनता को विकास के नाम पर धोखे में रखा परंतु कोई भी विकास नही किया। प्रेसवार्ता में जिला प्रभारी षंकर अग्रवाल,राजेन्द्र षर्मा,विधायक पुन्नूलाल मोहले,प्रदेष कार्यसमिति सदस्य गिरीष षुक्ला,नरेन्द्र षर्मा,जिला भाजपा अध्यक्ष षैलेष पाठक, गुरमीत सलूजा उपस्थित रहे।